💍 KaryoSetu Academy

दहेज मुक्त विवाह
Dowry Free Marriage

बेटी की इज़्ज़त, दहेज का विरोध — समाज बदलने की पहल
KaryoSetu Academy · Subcategory Business Guide · Matrimonial · संस्करण 1.0 · मई 2026

📑 विषय सूची

अध्याय 1

परिचय — दहेज मुक्त विवाह क्या है

दहेज मुक्त विवाह (Dowry Free Marriage) एक ऐसा आंदोलन और सेवा है जो बिना दहेज के शादी को बढ़ावा देती है। इसमें सामूहिक विवाह (Mass Marriage), दहेज-मुक्त वर-वधू खोज, और समाज में जागरूकता अभियान शामिल हैं।

दहेज — एक सामाजिक अभिशाप

भारत में दहेज प्रथा सदियों पुरानी बुराई है। National Crime Records Bureau (NCRB) के अनुसार हर साल दहेज से जुड़े 7,000+ मामले दर्ज होते हैं — जिसमें हत्या, आत्महत्या, और शारीरिक/मानसिक प्रताड़ना शामिल है। वास्तविक संख्या इससे कई गुना ज़्यादा है।

कानूनी स्थिति

  • Dowry Prohibition Act, 1961: दहेज लेना और देना — दोनों अपराध हैं
  • सज़ा: 5 साल तक की कैद + ₹15,000 या दहेज राशि (जो भी ज़्यादा) जुर्माना
  • Section 498A IPC: दहेज प्रताड़ना — 3 साल तक की कैद
  • Section 304B IPC: दहेज हत्या — 7 साल से उम्रकैद
  • Protection of Women from Domestic Violence Act, 2005: दहेज प्रताड़ना से सुरक्षा

दहेज मुक्त विवाह सेवा क्या करती है?

दहेज के विभिन्न रूप

दहेज सिर्फ़ नकद नहीं — कई रूपों में आता है

  • नकद दहेज: लाखों-करोड़ों की नकद माँग
  • सामान: कार, बाइक, फ्रिज, TV, सोफ़ा — "ज़रूरतों" के नाम पर
  • सोना/गहने: "शगुन" या "परंपरा" के नाम पर किलो-भर सोना
  • ज़मीन/प्रॉपर्टी: "बेटी के नाम पर" plot, flat, या दुकान
  • शादी का खर्चा: "बारात" का पूरा खर्च — खाना, venue, band-बाजा
  • छुपा दहेज: "gift" कहकर — जो वास्तव में demand से आता है

कानून कहता है — कोई भी माँग, किसी भी रूप में, अगर शादी की शर्त है — वो दहेज है!

💡 प्रेरणा

दहेज सिर्फ़ एक लड़की का मुद्दा नहीं — यह पूरे समाज की बीमारी है। जब तक एक भी पिता बेटी की शादी में कर्ज़ लेता है, तब तक हमारा काम अधूरा है।

अध्याय 2

यह काम इतना ज़रूरी क्यों है?

दहेज की भयावह सच्चाई

बाज़ार की माँग और कमाई

सेवा प्रकारआय का स्रोतअनुमानित आय
दहेज-मुक्त MatchmakingRegistration + Success Fee₹15,000–₹50,000/माह
सामूहिक विवाह आयोजनSponsorship + Govt. Grant₹50,000–₹2,00,000/event
जागरूकता अभियानNGO Funding + CSR₹20,000–₹1,00,000/campaign
कानूनी सहायता सेवाService Fee₹10,000–₹40,000/माह
Combined Modelसभी स्रोत₹50,000–₹3,00,000/माह
📊 प्रभाव का आँकड़ा

मध्य प्रदेश सरकार की मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत हर साल 50,000+ सामूहिक विवाह होते हैं। सरकार प्रति विवाह ₹51,000 देती है। यह दिखाता है कि इस क्षेत्र में कितनी बड़ी माँग और सरकारी सहायता है।

अध्याय 3

ज़रूरी कौशल और औज़ार

आवश्यक कौशल

शुरुआती निवेश

आइटमअनुमानित लागतज़रूरत
स्मार्टफ़ोन + इंटरनेट₹8,000–₹15,000अनिवार्य
NGO/Trust Registration₹5,000–₹15,000सुझावित
बैनर, पोस्टर, pamphlets₹3,000–₹8,000अनिवार्य
कार्यालय (शुरू में घर से)₹0–₹5,000/माहवैकल्पिक
पहला सामूहिक विवाह (10 जोड़े)₹30,000–₹80,000Sponsorship से cover
वकील retainer₹3,000–₹8,000/माहसुझावित
💡 Zero-Investment शुरुआत

सरकारी योजनाओं (Mukhyamantri Kanya Vivah Yojana) के facilitator बनकर बिना निवेश के शुरू कर सकते हैं। सरकार पैसा देती है, आप आयोजन करवाते हैं।

अतिरिक्त कौशल विकास

Training और Certification

  • Event Management: basic course — online (₹2,000–₹5,000) या local institute
  • Legal Awareness: NALSA, State Legal Services Authority के workshops (मुफ़्त)
  • NGO Management: IGNOU — Certificate in NGO Management (₹3,000)
  • First Aid: Red Cross — basic first aid (सामूहिक विवाह event में useful)
  • Digital Marketing: Google Digital Garage — मुफ़्त certification
  • Proposal Writing: CSR proposal, government grant application — online resources से सीखें
अध्याय 4

शुरू कैसे करें

चरण-दर-चरण गाइड

  1. कानून पढ़ें: Dowry Prohibition Act 1961 पूरा पढ़ें — क्या अपराध है, क्या सज़ा है
  2. सरकारी योजनाएँ जानें: Mukhyamantri Kanya Vivah, Shadi Shagun, Mass Marriage schemes
  3. NGO/Trust बनाएँ: Society Registration Act या Indian Trust Act के तहत (या बिना NGO शुरू करें)
  4. नेटवर्क बनाएँ: ज़िला कलेक्टर, SDM, महिला एवं बाल विकास विभाग से मिलें
  5. दहेज-मुक्त परिवारों की सूची बनाएँ: ऐसे लड़के/लड़कियों के परिवार खोजें जो दहेज नहीं चाहते
  6. जागरूकता अभियान शुरू करें: nukkad natak, poster campaign, school/college talks
  7. पहला सामूहिक विवाह organize करें: 5-10 जोड़ों से शुरू, सरकारी/corporate sponsorship लें
  8. KaryoSetu पर लिस्ट करें: दहेज-मुक्त matchmaking service

सामूहिक विवाह आयोजन की Planning

  • 3 महीने पहले: सरकारी अनुमति, स्थान booking, sponsor खोजें
  • 2 महीने पहले: जोड़ों का registration शुरू करें, दस्तावेज़ सत्यापन
  • 1 महीना पहले: catering, decoration, पंडित/काज़ी arrange, media invitation
  • 1 सप्ताह पहले: final rehearsal, सभी जोड़ों से मिलना, kit distribution
  • D-Day: विवाह समारोह, सरकारी अधिकारी उपस्थिति, प्रमाणपत्र वितरण
  • बाद में: Marriage Registration, सरकारी योजना आवेदन, follow-up
⚠️ ज़रूरी सावधानी

सामूहिक विवाह में हर जोड़े की उम्र सत्यापित करें (लड़का 21+, लड़की 18+)। दोनों पक्षों की स्वतंत्र सहमति ज़रूरी है। कोई भी बच्चा विवाह को प्रोत्साहन देना गम्भीर अपराध है (POCSO Act)।

अध्याय 5

काम कैसे होता है

Model 1: दहेज-मुक्त Matchmaking सेवा

  1. दहेज-विरोधी शपथ पत्र पर हस्ताक्षर लें (दोनों परिवारों से)
  2. प्रोफ़ाइल बनाएँ — शिक्षा, आय, अपेक्षाएँ (दहेज column नहीं!)
  3. Database में matching profiles खोजें
  4. दोनों परिवारों की मुलाकात करवाएँ
  5. सहमति के बाद विवाह तारीख़ तय करें
  6. सादा/सरल विवाह को प्रोत्साहन दें

Model 2: सामूहिक विवाह (Mass Marriage)

  1. Registration Drive: ज़रूरतमंद परिवारों का पंजीकरण — BPL, विधवा की बेटी, अनाथ
  2. Verification: उम्र, वैवाहिक स्थिति, आय — सब सत्यापित करें
  3. Sponsorship: सरकारी अनुदान + corporate CSR + व्यक्तिगत donation
  4. Venue & Logistics: community hall, मंडप, catering, कपड़े, गहने (नकली/कम)
  5. विवाह दिवस: सभी धर्मों के अनुसार अलग-अलग या common ceremony
  6. Kit Distribution: हर जोड़े को: बर्तन, बिस्तर, कपड़े, गृहस्थी का सामान
  7. Post-Event: Marriage Certificate, सरकारी योजना आवेदन, media coverage
📝 सामूहिक विवाह उदाहरण

इंदौर में "दहेज मुक्ति अभियान" ने 2024 में 100 जोड़ों का सामूहिक विवाह आयोजित किया। बजट ₹12 लाख — जिसमें ₹5.1 लाख सरकारी अनुदान (₹51,000 × 100), ₹4 लाख corporate sponsorship, और ₹2.9 लाख donation से आया। हर जोड़े को ₹10,000 का गृहस्थी kit मिला। 100 परिवारों ने दहेज-मुक्त शपथ ली।

🎯 अभ्यास

अपने ज़िले में पिछले 2 साल में हुए सामूहिक विवाहों की जानकारी इकट्ठा करें — किसने organize किया, कितने जोड़े, कितना बजट, सरकारी सहायता कितनी मिली।

दहेज-मुक्त शपथ पत्र

शपथ पत्र का नमूना

हर registration में दोनों परिवारों से यह शपथ पत्र sign करवाएँ:

  • "मैं/हम शपथ लेते हैं कि इस विवाह में किसी भी प्रकार का दहेज न दिया जाएगा, न लिया जाएगा"
  • "मैं जानता/जानती हूँ कि दहेज लेना और देना Dowry Prohibition Act 1961 के तहत अपराध है"
  • "यदि भविष्य में दहेज माँगा जाए, तो मैं तुरंत कानूनी कार्रवाई का समर्थन करूँगा/करूँगी"

इसे notarize करवाएँ — कानूनी मज़बूती मिलती है।

अध्याय 6

गुणवत्ता और सुरक्षा

सामूहिक विवाह में गुणवत्ता मानक

सामूहिक विवाह का मतलब "सस्ता विवाह" नहीं — हर जोड़े को गरिमा और सम्मान मिलना चाहिए।

✅ Quality & Safety चेकलिस्ट
  • हर जोड़े की उम्र सत्यापित की (आधार + birth certificate)
  • दोनों पक्षों की लिखित और स्वतंत्र सहमति ली
  • दहेज-मुक्त शपथ पत्र पर दोनों परिवारों के हस्ताक्षर
  • बाल विवाह का कोई मामला नहीं — सब 18+/21+
  • खाने-पीने की गुणवत्ता — स्वच्छ, पर्याप्त, सबके dietary needs का ध्यान
  • विवाह प्रमाणपत्र (Marriage Certificate) की व्यवस्था
  • हर जोड़े की फ़ोटो/वीडियो — यादगार बनाएँ
  • Post-marriage follow-up system
  • Funds का पारदर्शी हिसाब-किताब (public audit)
⚠️ गम्भीर चेतावनी

सामूहिक विवाह में fraud cases सामने आए हैं — जहाँ पहले से शादीशुदा लोगों ने या नाबालिगों ने शादी की। हर case की thorough verification ज़रूरी है। एक भी गड़बड़ = पूरे संगठन की बदनामी + कानूनी कार्रवाई।

Fund Management — पारदर्शिता

अध्याय 7

दाम कैसे तय करें

Revenue Model

दहेज मुक्त विवाह सेवा एक social enterprise है — कमाई भी हो और सामाजिक प्रभाव भी।

सेवाशुल्क/स्रोतनोट
Matchmaking Registration₹500–₹2,000/व्यक्तिदहेज-मुक्त शपथ के साथ
Success Fee₹3,000–₹10,000/विवाहसफल विवाह पर
सामूहिक विवाह — सरकारी अनुदान₹25,000–₹51,000/जोड़ाराज्य योजना से
Corporate Sponsorship₹50,000–₹5,00,000/eventCSR funds
Individual Donations₹1,000–₹50,000Tax benefit u/s 80G
जागरूकता Campaign₹20,000–₹1,00,000NGO funding / grants

सामूहिक विवाह बजट (50 जोड़े)

  • Venue + Decoration: ₹1,00,000–₹2,00,000
  • Catering (500 लोग): ₹1,50,000–₹3,00,000
  • Bride Kit (50 × ₹5,000): ₹2,50,000
  • Groom Kit (50 × ₹3,000): ₹1,50,000
  • Priest/Religious Leaders: ₹20,000–₹50,000
  • Photography/Video: ₹30,000–₹60,000
  • Administration + Transport: ₹50,000–₹1,00,000
  • कुल: ₹7,50,000–₹12,60,000
  • सरकारी अनुदान (₹51,000 × 50): ₹25,50,000 — surplus सम्भव!
💡 Sustainable Model

सरकारी योजनाओं का सही उपयोग करें तो सामूहिक विवाह self-sustainable हो सकता है। Surplus fund अगले event या जागरूकता अभियान में लगाएँ।

अध्याय 8

ग्राहक कैसे लाएं

ज़रूरतमंद परिवारों तक पहुँचना

Grassroots Outreach

सरकारी channel

डिजिटल उपस्थिति

📢 जागरूकता अभियान — Nukkad Natak

"बेटी बचाओ, दहेज हटाओ" — इस theme पर nukkad natak (street play) तैयार करें। गाँवों और बाज़ारों में perform करें। अंत में registration desk रखें — दहेज-मुक्त विवाह के लिए sign-up। यह सबसे powerful grassroots marketing है।

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बिज़नेस कैसे बढ़ाएं

विस्तार की दिशाएँ

सेवा विस्तार

भौगोलिक विस्तार

Funding Sources for Growth

  • CSR Funds: Companies Act 2013 — 2% CSR अनिवार्य → दहेज-मुक्त विवाह eligible
  • Government Grants: Women & Child Development Ministry
  • FCRA Registration: विदेशी funding लेने के लिए (बड़े NGO बनने पर)
  • Crowdfunding: Ketto, Milaap जैसे platforms पर campaign
  • Awards/Recognition: Nari Shakti Puraskar, Social Impact Awards — visibility बढ़ती है
🎯 विस्तार अभ्यास

अपने ज़िले में 5 कंपनियों की CSR policy check करें। उनसे letter लिखें — "दहेज मुक्त सामूहिक विवाह" sponsor करने के लिए। एक sample proposal तैयार करें।

अध्याय 10

आम चुनौतियाँ और समाधान

चुनौती: "दहेज तो परंपरा है, बंद कैसे होगी?"

समस्या: बहुत से लोग दहेज को "संस्कृति" या "प्रेम का प्रतीक" मानते हैं।

समाधान: बताएँ — दहेज कोई परंपरा नहीं, बेटियों का शोषण है। कानून इसे अपराध मानता है। सफल दहेज-मुक्त विवाहों के उदाहरण दें। धार्मिक ग्रंथों में दहेज का कोई ज़िक्र नहीं — यह बताएँ।

चुनौती: Funding मिलना मुश्किल

समस्या: शुरुआत में sponsor और donation मिलना कठिन होता है।

समाधान: पहला event छोटा (5-10 जोड़े) और कम बजट में करें। Photos, media coverage, और success stories से credibility बनाएँ। फिर बड़े sponsors approach करें। सरकारी योजनाओं का पूरा लाभ उठाएँ।

चुनौती: शादी के बाद दहेज माँगा जाए

समस्या: सामूहिक विवाह के बाद कुछ मामलों में ससुराल वाले दहेज माँगते हैं।

समाधान: शादी से पहले legal agreement करवाएँ। Follow-up system बनाएँ — हर 3 महीने में बहू से संपर्क। कोई शिकायत आए तो तुरंत कानूनी कार्रवाई — Women Helpline 181, Police।

चुनौती: गुणवत्ता बनाए रखना

समस्या: बड़े events में quality और personal attention कम हो जाती है।

समाधान: हर event में maximum 50-100 जोड़ों तक सीमित रखें। Trained volunteers रखें। हर जोड़े को dedicated coordinator assign करें।

चुनौती: शादी के बाद दहेज माँगा जाए — कानूनी कार्रवाई

तुरंत कदम:

  • Women Helpline 181 पर call करें
  • नज़दीकी पुलिस स्टेशन में FIR दर्ज करवाएँ (Section 498A IPC + Dowry Act)
  • Protection of Women from Domestic Violence Act के तहत Protection Order के लिए Magistrate Court जाएँ
  • One Stop Centre (Sakhi Centre) से सहायता लें — shelter, legal aid, counseling
  • State Women Commission में written complaint दें
💡 दहेज के विकल्प सुझाएँ

बेटी की शिक्षा में निवेश करें — जो दहेज में ₹5 लाख देने थे, वो बेटी की higher education में लगाएँ। शिक्षित बेटी = आत्मनिर्भर बेटी = दहेज-मुक्त ज़िंदगी।

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सफलता की कहानियाँ

🌟 कहानी 1: रामनरेश यादव, छतरपुर (मध्य प्रदेश)

रामनरेश ने 2020 में "दहेज मुक्त विवाह समिति" बनाई — ₹8,000 में Trust Registration करवाया। पहले साल 15 जोड़ों का सामूहिक विवाह किया — Mukhyamantri Kanya Vivah Yojana से ₹51,000/जोड़ा मिला। कुल ₹7.65 लाख सरकारी अनुदान + ₹2 लाख local sponsorship। खर्च ₹6 लाख — बाकी अगले event में लगाया। आज 5 साल में 500+ विवाह, 3 ज़िलों में काम, team में 12 volunteers। रामनरेश को राज्य सरकार ने "समाज सेवी" पुरस्कार दिया।

🌟 कहानी 2: फ़ातिमा शेख़, लातूर (महाराष्ट्र)

फ़ातिमा ने "दहेज नहीं, इज़्ज़त दो" अभियान शुरू किया। WhatsApp group और KaryoSetu पर दहेज-मुक्त matchmaking। शुरुआत ₹5,000 में। पहले साल 20 दहेज-मुक्त विवाह करवाए, हर परिवार से ₹2,000–₹5,000 Registration Fee ली। कमाई ₹60,000 + बहुत मान-सम्मान। तीसरे साल — 80+ विवाह/साल, sarpanch की support, मासिक आय ₹25,000–₹40,000। फ़ातिमा अब ज़िले की सबसे जानी-मानी समाजसेवी हैं।

🌟 कहानी 3: "बेटी बचाओ संगठन", जौनपुर (उत्तर प्रदेश)

यह NGO हर साल दो बार (अक्षय तृतीया और बसंत पंचमी पर) 100-100 जोड़ों का सामूहिक विवाह करवाता है। 8 साल में 1600+ विवाह। सरकारी अनुदान + CSR funds से ₹40 लाख+/साल का बजट। हर बहू को ₹10,000 का गृहस्थी kit + 1 साल की health insurance। संस्थापक सुरेन्द्र सिंह कहते हैं — "एक भी बाप को बेटी की शादी में कर्ज़ न लेना पड़े — यही मेरा सपना है।"

अध्याय 12

सरकारी योजनाएँ

कानूनी सुरक्षा

Dowry Prohibition Act, 1961 — दंड सारणी

अपराधधारासज़ा
दहेज देना/लेनाSection 35 वर्ष कैद + ₹15,000 या दहेज मूल्य जुर्माना
दहेज माँगनाSection 46 माह–2 वर्ष कैद + ₹10,000 जुर्माना
दहेज प्रताड़नाIPC 498A3 वर्ष तक कैद + जुर्माना
दहेज हत्याIPC 304B7 वर्ष से उम्रकैद

सामूहिक विवाह योजनाएँ

राज्ययोजना का नामप्रति जोड़ा सहायता
मध्य प्रदेशमुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना₹51,000 (₹49,000 kit + ₹2,000 cash)
उत्तर प्रदेशमुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना₹51,000
राजस्थानमुख्यमंत्री कन्यादान योजना₹31,000–₹41,000
बिहारमुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना₹5,000
हरियाणाकन्यादान योजना₹51,000
केंद्र सरकारShadi Shagun (अल्पसंख्यक)₹51,000

अन्य सहायक योजनाएँ

  • Sukanya Samriddhi Yojana: बेटी के नाम पर बचत — शादी/शिक्षा के लिए
  • Beti Bachao Beti Padhao: बेटियों की शिक्षा और सशक्तिकरण
  • Ladli Scheme: बेटी के जन्म पर ₹5,000–₹11,000
  • Balika Samridhi Yojana: BPL परिवारों की बेटियों को आर्थिक सहायता
💡 योजनाओं को हथियार बनाएँ

सरकारी योजनाओं की जानकारी देना आपकी सबसे बड़ी ताक़त है। एक पिता को बताएँ — "बेटी की शादी में ₹51,000 सरकार देगी, आपको कर्ज़ लेने की ज़रूरत नहीं" — यही बदलाव की शुरुआत है।

अध्याय 13

KaryoSetu पर कैसे लिस्ट करें

Step-by-Step गाइड

  1. ऐप डाउनलोड: Google Play Store से KaryoSetu install करें
  2. Profile: संगठन/व्यक्तिगत नाम, location, experience
  3. Category: "Matrimonial" → "दहेज मुक्त विवाह / Dowry Free Marriage"
  4. Services: Matchmaking, Mass Marriage, Awareness Campaign, Legal Aid — सब mention करें
  5. Track Record: कितने विवाह करवाए, सरकारी associations, awards
  6. Contact: हेल्पलाइन नम्बर, WhatsApp, ऑफ़िस पता
  7. Photos: पिछले सामूहिक विवाहों की तस्वीरें (अनुमति से)
  8. Publish: review के बाद live
📱 आदर्श लिस्टिंग

"दहेज मुक्त विवाह समिति — छतरपुर, म.प्र.। 5 साल से 500+ दहेज-मुक्त विवाह। सामूहिक विवाह (अगला: मार्च 2026), दहेज-मुक्त matchmaking, कानूनी सहायता। सरकारी योजना (₹51,000) सहायता। Registration मुफ़्त। Helpline: 98xxx-xxxxx। राज्य सरकार पुरस्कार प्राप्त।"

💡 Listing Tips

"दहेज मुक्त", "सामूहिक विवाह", "कन्या विवाह योजना", "mass marriage" — ये keywords ज़रूर डालें। Success numbers mention करें — "500+ विवाह" trust बनाता है।

अध्याय 14

आज से शुरू करें

दहेज प्रथा — भारत का सबसे बड़ा सामाजिक अभिशाप। इसे ख़त्म करने का काम एक पीढ़ी में हो सकता है — बस हर गाँव, हर शहर में एक-एक योद्धा चाहिए। वो योद्धा आप बन सकते हैं!

✅ 30-दिन Action Plan
  • सप्ताह 1: Dowry Prohibition Act 1961 पूरा पढ़ें — हर section समझें
  • सप्ताह 1: अपने राज्य की सामूहिक विवाह योजना की पूरी जानकारी लें
  • सप्ताह 2: ज़िला महिला एवं बाल विकास अधिकारी से मिलें
  • सप्ताह 2: 10 दहेज-विरोधी परिवारों की सूची बनाएँ
  • सप्ताह 3: KaryoSetu पर listing बनाएँ
  • सप्ताह 3: WhatsApp group बनाएँ — "दहेज मुक्ति अभियान [शहर]"
  • सप्ताह 4: पहला जागरूकता कार्यक्रम करें — school/college/पंचायत में
  • सप्ताह 4: पहले सामूहिक विवाह की planning शुरू करें (3 महीने बाद के लिए)
📝 गृहकार्य
  • Dowry Prohibition Act 1961 की मुख्य धाराओं का सारांश लिखें
  • अपने राज्य की कन्या विवाह/सामूहिक विवाह योजना का application form भरने का अभ्यास करें
  • 5 जोड़ों/परिवारों से बात करें जिन्होंने बिना दहेज शादी की — उनके अनुभव लिखें
  • एक दहेज-विरोधी nukkad natak की script लिखें (5-10 मिनट)
  • KaryoSetu पर listing बनाएँ
  • पहले सामूहिक विवाह event का budget proposal तैयार करें (10 जोड़ों के लिए)
  • 3 potential sponsors (local businesses) की list बनाएँ और letter draft करें
💡 अंतिम संकल्प

"जब तक एक भी बेटी का बाप कर्ज़ में डूबेगा, तब तक मेरा काम अधूरा है।" — यह संकल्प लें और शुरू करें। दहेज मुक्त भारत — सम्भव है, ज़रूरी है, और आपसे शुरू होता है!